
भीषण बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त, जलभराव से संक्रामक रोगों का खतरा
जल निकासी न होने से परिषदीय विद्यालयों में भरा पानी, पढ़ाई रही प्रभावित
*फोटो-वारिश से हुए जल भराव का नजारा*
*जीटी-7, डिजिटल न्यूज़ नेटवर्क टीम औरैया, कानपुर मंडलब्यूरो रिपोर्ट, राम प्रकाश शर्मा। 18 सितंबर 2024*
*#औरैया।* मंगलवार शाम से जनपद भर में हुई लगातार भारी बारिश से स्थिति भयावह हो गई, इस दौरान शहर की प्रमुख सड़कों से लेकर गालियों तक हर जगह पानी ही पानी दिखाई दिया। जिससे आवागमन भी बुरी तरह प्रभावित हुआ। गलियों में तो लोग भीषण जल भराव के कारण घरों में कैद होने पर मजबूर रहे और कई स्थानों पर जलभराव के कारण जनजीवन अस्त-व्यस्त दिखा। . वारिश की बजह से नगर के कई हिस्सों में पानी भरने से व्यापारिक और सामाजिक गतिविधियां ठप पड़ गई। भीषण बारिश के चलते औरैया नगर के पुरानी कलेक्ट्रेट में कांशीराम कॉलोनी में लगा पुराना नीम का पेड़ गिर पड़ा। वहीं आनेपुर खरका रोड पर पेड़ गिरने से आवागमन वाधित रहा। जिला प्रशासन द्वारा भीषण बारिश की चेतावनी के बाद भी अवकाश घोषित न किया गया, जिसके चलते विद्यालय खुले रहे और बच्चें विभिन्न वाहनों से व बरसाती पहने स्कूल जाते देखे गये। सबसे बुरी स्थिति नगर के प्रसिद्ध इलाके के रूप में स्थापित आवास विकास की रही, जिसमें भीषण जल भराव के कारण वहाँ के वाशिन्दों को तमाम समस्याओं से रू-बरू होना पड़ा। इसके अलावा नरायनपुर, बनारसीदास, तिलक नगर बाईपास आदि मुहल्लों में भी भीषण जल भराव देखा गया। इसके अलावा, जगह-जगह जलभराव और गंदे पानी के कारण संक्रामक रोगों के फैलने का खतरा बढ़ गया है। जलभराव के साथ मच्छरों का प्रकोप भी बढ़ गया है, जिससे डेंगू, मलेरिया और अन्य बीमारियों का खतरा मंडराने लगा है। स्वास्थ्य विभाग ने लोगों को साफ-सफाई बनाए रखने और संक्रमित पानी से दूर रहने की सलाह दी है।
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*परिषदीय स्कूलों में पढ़ाई रही प्रभावित*






