जनपद के उर्वरक प्रतिष्ठानों पर संयुक्त टीम द्वारा मारे गये छापे
जारी किये गये नोटिस

26 छापे डालकर 14 उर्वरक नमूने ग्रहित किये गये एवं 06 को कारण बाताओ नोटिस जारी किया गया
ग्लोबल टाइम्स-7
डिजिटल
न्यूज नेटवर्क
अनूप गौङ
जिला प़शासनिक संवाददाता
कानपुर देहात
29 अक्टूबर 2022
अपर मुख्य सचिव, कृषि उ0प्र0 शासन के रेडयोग्राम के निर्देश के अनुपालन में जिलाधिकारी नेहा जैन के द्वारा उर्वरकों के गुणवत्ता सुनिश्चित करने तथा कालाबजारी रोकने तथा निर्धारित मूल्यों पर उर्वरकों को उपलब्ध कराने एवं कृषकों में वितरण कराने के लिए जनपद में तीन संयुक्त टीमें गठित कर उनको तहसील आंवटित कर उर्वरक प्रतिष्ठानों पर अचैक छापे डाले गये। जनपद में कुल 26 उर्वरक प्रतिष्ठानों पर छापे डाल कर 14 नमूने ग्रहित किये गये 06 को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया। जिला कृषि अधिकारी डॉ उमेश कुमार गुप्ता एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी मत्स्य, कानपुर देहात के द्वारा तहसील भोगनीपुर/सिकन्दरा में छापे की कार्यवाही की गयी। जिसमें धर्मेन्द्र कुमार खाद एवं बीज भण्डार मांचा, अग्निहोत्री खाद भण्डार खलासपुर, दीक्षित खाद भण्डार शाहजहांपुर, सिंह ट्रेडर्स शाहजहांपुर, कुशवाहा खाद भण्डार पुखरायां, अमन ट्रेडर्स पातेपुर लालपुर से उर्वरक के कुल 10 नमूने ग्रहित किये गये। न्यू कटियार खाद भण्डार राजपुर, मां गायत्री खाद भण्डार राजपुर, कटियार खाद भण्डार शाहजहांपुर, सिंह खाद भण्डार राजपुर का प्रतिष्ठान बंद पाये जाने के कारण बताओ नोटिस जारी किया गया तथा धर्मेन्द्र कुमार खाद भण्डार मांचा एवं शिवम खाद भण्डार पुखरायां का अभिलेख अद्यतन न होने के कारण कारण बताओ नोटिस जारी किया गया । उप कृषि निदेशक एवं जिला कार्यक्रम अधिकारी के द्वारा तहसील अकबरपुर एवं मैथा में 03 उर्वरक प्रतिष्ठानों पर छापे डालकर के 02 उर्वरक नमूना ग्रहित किये गये। जिला कृषि रक्षा अधिकारी एवं सहायक आयुक्त निबन्धक सहकारिता कानपुर देहात के द्वारा तहसील डेरापुर/रसूलाबाद के द्वारा 06 उर्वरक प्रतिष्ठानों पर छापे डालकर 02 उर्वरक नमूने ग्रहित किये गये। समस्त निजी एवं सहकारिता के उर्वरक विके्रताओं को निर्देशित किया जाता है कि उर्वरकों का वितरण निर्धारित मूल्य पर जोत/बही के आधार पर एवं फसल की संस्तुतियों के आधार पर पी0ओ0एस0 मशीन के द्वारा ही की जाय। साथ ही स्टाक रजिस्टर वितरण रजिस्टर एवं स्टाक रेट बोर्ड आदि अभिलेखों को अद्यतन रखा जाय। यदि उर्वरक विक्रेता द्वारा उक्त निर्देशों का पालन नही किया जाता है तो उसके विरूद्व उर्वरक (नियंत्रण) आदेश 1985 एवं आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 के प्राविधानों के अनुसार प्रभावी वैधानिक कार्यवाही की जायेगी।






