राष्ट्रीय अध्यक्ष पुष्पेन्द्र प्रताप सिंह ने इंदेमऊ मे हजारों जरूरत मंदो को कंबल बांटकर दिया सेवा भावना का दिया सर्वोत्तम उदाहरण

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राष्ट्रीय अध्यक्ष पुष्पेंद्र प्रताप सिंह ने दिया जाति वाद खत्म करने का आह्वान बोले एक रोटी कम खा लो लेकिन बच्चों को शिक्षा जरूर दो।
उन्नाव ब्यूरो
फुन्नी त्रिपाठी
उन्नाव तहसील बीजापुर क्षेत्र के ग्राम इन्देमऊ में पुष्प फाउंडेशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष पुष्पेंद्र प्रताप सिंह ने सोमवार को ग्राम पंचायत इंदेमऊ स्थित आदर्श पूर्व माध्यमिक विद्यालय परिसर में क्षेत्र के हजारों जरूरतमंद परिवारों को कंबल वितरित किए। कड़ाके की ठंड में आयोजित इस सेवा कार्यक्रम में गरीब, असहाय और वंचित वर्ग के लोगों को राहत सामग्री प्रदान की गई।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पुष्पेंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि मानव सेवा ही सबसे बड़ा धर्म है और समाज को जाति-धर्म की संकीर्णता से ऊपर उठकर एक-दूसरे की मदद करनी चाहिए। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि जातिवाद समाज की प्रगति में सबसे बड़ी बाधा है, इसे समाप्त किए बिना समरस और मजबूत समाज की कल्पना नहीं की जा सकती। उन्होंने लोगों से आह्वान किया कि विशेष जाति या वर्ग के भेदभाव को छोड़कर सभी समान रूप से एक-दूसरे के सुख-दुख में सहभागी बनें।
शिक्षा पर विशेष जोर देते हुए उन्होंने कहा कि भले ही परिवार एक समय की रोटी कम खा ले, लेकिन अपने बच्चों को अच्छी और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा अवश्य दिलाए। शिक्षा ही समाज को आत्मनिर्भर और सशक्त बनाती है। आज जो भी उपलब्धियां हैं, वे शिक्षा के कारण ही संभव हो पाई हैं। यदि समाज शिक्षित होगा तो अपने आप उन्नति के मार्ग पर अग्रसर होगा।
उन्होंने यह भी कहा कि पुष्प फाउंडेशन की पूरी संपत्ति समाज की सेवा के लिए समर्पित है। राजनीति में आने को लेकर उन्होंने कहा कि यह सब बजरंगबली की इच्छा पर निर्भर है, जो उनका आदेश होगा वही किया जाएगा।
इस अवसर पर राजाराम पाल, राघवेंद्र सिंह, नरेंद्र विक्रम सिंह, तेज बहादुर सिंह,प्रधान संघ अध्यक्ष मनोज सिंह, रिंकू सिंह, उमा शंकर सिंह, शत्रुघ्न सिंह, सगुन सिंह,गुड्डू सिंह, गोविन्दशंकर, गोलू सिंह, पंकज सिंह,दीपिका सिंह राना,प्रखर सिंह,उपेन्द्र सिंह रोहित काका, संदीप यादव,रामजी कश्यप,प्रियंका, विजेता दीक्षित, शकुंतला,उमाशंकर सिंह, रामराज शर्मा, हरिश्चन्द्र प्रधान, श्री पाल फौजी प्रधान, संतकिशोर, अनुज कुमार पटेल प्रधान,सहित हजारों की संख्या में ग्रामीण, सामाजिक कार्यकर्ता और लाभार्थी उपस्थित रहे। कार्यक्रम के अंत में लोगों ने सेवा भावना और सामाजिक समरसता के संदेश की सराहना की।





